Skip to main content

महाराष्ट्र सरकारचा मोठा निर्णय: अग्निवीरांसाठी १ हजार अधिसंख्य पदे, उच्चस्तरीय समिती गठीत!

 महाराष्ट्र सरकारचा मोठा निर्णय: अग्निवीरांसाठी १ हजार अधिसंख्य पदे, उच्चस्तरीय समिती गठीत!



मुंबई, २८ ऑगस्ट २०२६

सैन्यदलातून अग्निवीर म्हणून चार वर्षांची सेवा पूर्ण करून परतणाऱ्या तरुणांसाठी महाराष्ट्र शासनाने एक महत्त्वपूर्ण आणि स्वागतार्ह पाऊल उचलले आहे. राज्य शासनाच्या विविध प्रशासकीय विभागांच्या अधिनस्त गणवेशधारी गट-क संवर्गात माजी अग्निवीरांना पुनर्नियुक्ती देण्यासाठी एक हजार अधिसंख्य पदे निर्माण करण्यास मंजुरी देण्यात आली आहे. तसेच, या पदांवर नियुक्तीची पद्धत निश्चित करण्यासाठी आणि त्यांना नियमित सेवेत सामावून घेण्याबाबत धोरण ठरविण्यासाठी मुख्य सचिवांच्या अध्यक्षतेखाली उच्चस्तरीय सचिव समिती गठीत करण्यात आली आहे.

सामान्य प्रशासन विभागाने जारी केलेल्या शासन निर्णयानुसार, गृह विभाग, राज्य उत्पादन शुल्क विभाग, वन विभाग आणि नगरविकास विभाग यांसारख्या विभागांमध्ये ही पदे निर्माण केली जाणार आहेत. यात पोलीस शिपाई, चालक पोलीस शिपाई, कारागृह रक्षक, अग्निशामक/बचावकर्ता, गृह रक्षक दलातील पदे, उत्पादन शुल्क जवान व वाहनचालक, वनरक्षक तसेच महापालिका-नगरपालिकांमधील अग्निशामक पदे यांचा समावेश आहे.

अग्निपथ योजनेंतर्गत भरती झालेले अग्निवीर सैन्यदलात शिस्त, शारीरिक क्षमता, नेतृत्व आणि आपत्ती व्यवस्थापनाचे उत्कृष्ट प्रशिक्षण घेऊन येतात. त्यांच्या या कौशल्यांचा राज्य शासन सेवेत उत्तम वापर व्हावा आणि देशसेवा केलेल्या या तरुणांना रोजगाराची शाश्वती मिळावी, या उद्देशाने हा निर्णय घेण्यात आला आहे. राज्यातून सुमारे २,८३९ अग्निवीर ऑक्टोबर-नोव्हेंबर २०२६ मध्ये सेवा समाप्तीच्या टप्प्यावर आहेत. त्यापैकी २५ टक्के नियमित सैन्य सेवेत राहतील, तर उर्वरित तरुणांसाठी राज्य शासनाने हा विशेष मार्ग खुला केला आहे.

उच्चस्तरीय समितीमध्ये गृह, वन, सामान्य प्रशासन, वित्त, नगरविकास, विधी व न्याय तसेच माजी सैनिक कल्याण विभागातील वरिष्ठ अधिकाऱ्यांचा समावेश आहे. समिती विभागनिहाय आणि संवर्गनिहाय पदांची वाटणी ठरवेल, नियुक्ती प्रक्रिया सुचवेल आणि माजी अग्निवीरांना नियमित शासकीय/निमशासकीय सेवेत सामावून घेण्याबाबत शिफारशी करेल. उल्लेखनीय बाब म्हणजे, या अधिसंख्य पदांच्या निर्मितीसाठी वित्त विभागाची स्वतंत्र पुनर्मान्यता आवश्यक राहणार नाही.

देशसेवेनंतर परतणाऱ्या या शिस्तबद्ध आणि प्रशिक्षित तरुणांना राज्य शासनाने नोकरीची संधी उपलब्ध करून देणे, हे केवळ रोजगार निर्मितीच नाही तर राष्ट्रसेवेचा सन्मान करणारे पाऊल आहे. अग्निवीरांच्या कुटुंबियांमध्येही या निर्णयाने आनंदाचे वातावरण निर्माण झाले आहे.

शासन निर्णयाची अंमलबजावणी लवकरात लवकर होईल आणि पात्र माजी अग्निवीरांना योग्य संधी मिळेल, अशी अपेक्षा व्यक्त केली जात आहे.

देशसेवेनंतर राज्यसेवेची संधी!

🙏👇👇👇👇👇👇👇👇👇👇👇 🙏 

              मेरा देश मेरा वतन समाचार 


                    🙏 पत्र के🙏


          संपादक श्री दयाशंकर गुुुप्ता जी


नोट........ 👉🙏


 दोस्तों उम्मीद करता हूं कि आप सभी, यह आर्टिकल को अंत तक पढ़े होंगे एवं यह आर्टिकल आपको बेहद पसंद आया होगा, हैं।और अगर लिखने में कोई त्रुटि हुई हो तो क्षमा करें इस के लिए हम आप क्षमा मांगते हैं और हमारे इस आर्टिकल को लाइक करें शेयर करें ? 🙏 जनहित लोकहित के लिए धन्यवाद 🙏

जय संविधान जय भीम जय संविधान का चौथा स्तंभ ने अपने दिल की कुछ प्रमुखताएं या बातें या भावनाएं रखा है अप सभी के बिच में सभी नागरिकों के समक्ष प्रस्तुत किया है और लिखने में कोई त्रुटि हुई है तो क्षमा करें लिखने गलती हुई हैं तो क्षमा करना श्री दयाशंकर गुप्ता जी की तरफ से बहुत-बहुत धन्यवाद🙏

जय हिंद जय भारत जय महाराष्ट्र वंदे मातरम🙏

Comments

Popular posts from this blog

वन नेशन वन रेशन कार्ड (ओएनओआरसी)

वन नेशन वन रेशन कार्ड (ओएनओआरसी) वन नेशन वन राशन कार्ड (ONORC) योजना: सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के संपर्क विवरण वन नेशन वन राशन कार्ड (ONORC) योजना भारत सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल है, जो राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA) के तहत लाभार्थियों को देशभर में किसी भी उचित मूल्य की दुकान (FPS) से सब्सिडी वाले अनाज प्राप्त करने की सुविधा प्रदान करती है। यह योजना सभी 36 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में लागू है, जिसमें असम हाल ही में शामिल हुआ है। योजना के तहत राशन कार्ड को आधार से सीड करने की आवश्यकता होती है। योजना से संबंधित शिकायतों, जानकारी या सहायता के लिए राष्ट्रीय स्तर पर टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर 14445 उपलब्ध है। इसके अलावा, सामान्य PDS हेल्पलाइन नंबर 1967 है। कुछ राज्यों में अतिरिक्त स्थानीय नंबर भी हैं। नीचे सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य संपर्क विवरण दिए गए हैं (मुख्यालय का पता, फोन नंबर और ईमेल जहां उपलब्ध)। ये विवरण आधिकारिक स्रोतों से संकलित हैं। यदि आपको मोबाइल नंबर की आवश्यकता है, तो आधार से लिंक्ड रजिस्टर्ड मोबाइल का उपयोग करें, क्योंकि योजना में...

भिवंडी-निजामपूर शहर महानगरपालिका (BNCMC) सार्वत्रिक निवडणूक 2025-26 के लिए प्रचार (campaign) बंद होने की तारीख और समय: महाराष्ट्र राज्य निवडणूक आयोग द्वारा जारी किए गए कार्यक्रम के अनुसार, यह चुनाव 15 जनवरी 2026 को होने वाला है (मतदान सुबह 7:30 बजे से शाम 5:30 बजे तक)। भिवंडी-निजामपूर शहर महानगरपालिका (BNCMC) सार्वत्रिक निवडणूक 2025-26 साठी प्रचार (campaign) बंद होण्याची तारीख आणि वेळ: महाराष्ट्र राज्य निवडणूक आयोगाने जाहीर केलेल्या कार्यक्रमानुसार, ही निवडणूक १५ जानेवारी २०२६ रोजी होणार आहे (मतदान ७:३० AM ते ५:३० PM पर्यंत).

 भिवंडी-निजामपूर शहर महानगरपालिका (BNCMC) सार्वत्रिक निवडणूक 2025-26 के लिए प्रचार (campaign) बंद होने की तारीख और समय: महाराष्ट्र राज्य निवडणूक आयोग द्वारा जारी किए गए कार्यक्रम के अनुसार, यह चुनाव 15 जनवरी 2026 को होने वाला है (मतदान सुबह 7:30 बजे से शाम 5:30 बजे तक)। 29 महानगरपालिकाओं (जिसमें BNCMC भी शामिल है) के लिए एक ही चरण में चुनाव हो रहे हैं। सामान्य नियमों के अनुसार, प्रचार मतदान शुरू होने से ठीक पहले मतदान के दिन सुबह 7:30 बजे तक बंद हो जाता है (यानी 15 जनवरी 2026 को सुबह 7:30 बजे से प्रचार पूरी तरह प्रतिबंधित)। कुछ स्थानीय निकायों में प्रचार पिछले दिन रात 10 बजे तक बंद होता है, लेकिन महानगरपालिका चुनावों (जैसे BMC, BNCMC आदि) के लिए आधिकारिक रूप से प्रचार समाप्ति मतदान शुरू होने के समय (15 जनवरी सुबह 7:30 बजे) मानी जाती है। मुख्य तिथियाँ (संक्षेप में): नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि: 30 दिसंबर 2025 नामांकन की जांच: 31 दिसंबर 2025 नाम वापसी की अंतिम तिथि: 2 जनवरी 2026 अंतिम उम्मीदवार सूची: 3 जनवरी 2026 मतदान: 15 जनवरी 2026 (7:30 AM से 5:30 PM) मतगणना: 16 जनवरी 2026 प्...

भिवंडी शहर निजामपुर महानगरपालिका कर्मचारियों का अनिश्चितकालीन हड़ताल का अल्टीमेटम 30 दिनों में लंबित वेतन, प्रमोशन और सेवा लाभ न मिले तो हड़ताल

  भिवंडी शहर निजामपुर महानगरपालिका कर्मचारियों का अनिश्चितकालीन हड़ताल का अल्टीमेटम 30 दिनों में लंबित वेतन, प्रमोशन और सेवा लाभ न मिले तो हड़ताल भिवंडी, 10 अगस्त 2026: भिवंडी-निजामपुर शहर महानगरपालिका में काम करने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों की ओर से महाराष्ट्र राज्य जाति कर्मचारी कल्याण महासंघ  ने अनिश्चितकालीन हड़ताल का अंतिम नोटिस जारी किया है। महासंघ का कहना है कि पिछले कई वर्षों से लंबित सेवा लाभ और पदोन्नतियां न मिलने के कारण कर्मचारियों का धैर्य अब जवाब दे चुका है। महासंघ के  अध्यक्ष दीपक राव द्वारा जारी पत्र में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और सुमित्राअजित पवार समेत राज्य सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों तथा भिवंडी महानगरपालिका प्रशासन को चेतावनी दी गई है।  पत्र में कहा गया है कि इस नोटिस की प्राप्ति से 30 दिनों के अंदर सभी लंबित मांगें पूरी नहीं हुईं तो आवश्यक सेवाओं सहित अनिश्चितकालीन हड़ताल की जाएगी। प्रमुख मांगें छठे और सातवें वेतन आयोग के लंबित अंतर (एयरियर्स) एश्योर्ड प्रोग्रेस स्कीम के तहत 12 और 24 वर्ष की सेवा पूरी करने पर म...