Skip to main content

Posts

आषाढी एकादशीच्या पवित्र दिवशी महसूल अधिकाऱ्यांना कार्यालयीन हजेरी; भाविकांच्या मनात नाराजी

Recent posts

भिवंडी में लगातार दूसरे वर्ष इस्कॉन द्वारा भव्य श्री जगन्नाथ रथयात्रा का आयोजन 24 जुलाई को

 भिवंडी में लगातार दूसरे वर्ष इस्कॉन द्वारा भव्य श्री जगन्नाथ रथयात्रा का आयोजन 24 जुलाई को भिवंडी, प्रतिनिधि: अंतरराष्ट्रीय कृष्णभावनामृत संघ (ISKCON Bhiwandi) के तत्वावधान में लगातार दूसरे वर्ष भव्य श्री जगन्नाथ रथयात्रा का आयोजन शुक्रवार, 24 जुलाई 2026 को किया जा रहा है। रथयात्रा दोपहर 2:00 बजे वराल देवी सर्कल से प्रारंभ होगी। इस दौरान हजारों श्रद्धालु हरिनाम संकीर्तन, भजन-कीर्तन और भक्तिमय वातावरण के साथ भगवान श्री जगन्नाथ, बलदेव एवं सुभद्रा महारानी की दिव्य रथयात्रा में सहभागी बनेंगे। रथयात्रा का मार्ग वराल देवी सर्कल – पद्मा नगर – धामणकर नाका – बी.एन.एन. कॉलेज – वराल देवी सर्कल – चंदन बाग – आशीर्वाद नगर – पीस पार्क – फेणे गांव होते हुए मानसरोवर सर्कल के समीप स्थित निर्मय वृंदावन गार्डन तक रहेगा, जहां रथयात्रा का समापन होगा। पुरी की विश्वप्रसिद्ध रथयात्रा की परंपरा से प्रेरित यह आध्यात्मिक महोत्सव समाज में भक्ति, संस्कृति, सद्भाव और आध्यात्मिक मूल्यों का संदेश देता है। रथयात्रा के समापन स्थल पर सभी श्रद्धालुओं के लिए महाप्रसाद की विशेष व्यवस्था की गई है। ISKCON Bhiwandi ने भिव...

भिवंडी तालुक्यात ‘घोंगडी बैठक’चा ऐतिहासिक प्रारंभ! नागरिकांच्या दारात पोहोचले महसूल प्रशासन, गावागावातून आनंदाची लहर

भिवंडी तालुक्यात ‘घोंगडी बैठक’चा ऐतिहासिक प्रारंभ! नागरिकांच्या दारात पोहोचले महसूल प्रशासन, गावागावातून आनंदाची लहर भिवंडी तालुका, ठाणे : ग्रामीण आणि आदिवासी भागातील शेवटच्या घटकापर्यंत प्रशासन पोहोचवण्याच्या उद्देशाने भिवंडी तहसील प्रशासनाने एक अभिनव आणि लोकाभिमुख उपक्रम सुरू केला आहे. नाव आहे – ‘घोंगडी बैठक’. शहापूर तालुक्यात या उपक्रमाने अभूतपूर्व यश मिळवल्यानंतर आता भिवंडीतही त्याची हृदयस्पर्शी अंमलबजावणी सुरू झाली आहे. या उपक्रमात प्रशासकीय अधिकारी कोणत्याही औपचारिकतेच्या भिंती तोडून, साध्या घोंगडीवर बसून थेट गावपातळीवर नागरिकांशी संवाद साधतात. रस्त्यांच्या खड्ड्यांपासून ते पिण्याच्या पाण्याच्या समस्या, वीजपुरवठा, महसूल नोंदी आणि प्रलंबित वनहक्क दावे यांसारख्या विविध अडीअडचणींची जागेवरच चर्चा करतात आणि तातडीने निराकरणासाठी निर्देश देतात. या बैठकीत केवळ समस्या ऐकल्या जात नाहीत, तर शासकीय विविध कल्याणकारी योजनांची माहितीही दिली जाते. यामुळे दुर्गम भागातील शेतकरी, आदिवासी आणि सामान्य नागरिकांना शासकीय कार्यालयांच्या वारंवार फेऱ्या मारण्याची गरज राहणार नाही. प्रशासनाने विश्वास व्यक्त...

खाटू श्याम जी (Khatu Shyam Ji) राजस्थान के सीकर जिले में स्थित एक अत्यंत प्रसिद्ध हिंदू मंदिर है। यह महाभारत काल के योद्धा बर्बरीक (Barbarika) को समर्पित है, जिन्हें भगवान कृष्ण ने कलियुग में श्याम नाम से पूजे जाने का वरदान दिया था। भक्त उन्हें श्याम बाबा, हारे का सहारा या कलियुग के अवतार के रूप में पुकारते हैं

 खाटू श्याम जी (Khatu Shyam Ji) राजस्थान के सीकर जिले में स्थित एक अत्यंत प्रसिद्ध हिंदू मंदिर है। यह महाभारत काल के योद्धा बर्बरीक (Barbarika) को समर्पित है, जिन्हें भगवान कृष्ण ने कलियुग में श्याम नाम से पूजे जाने का वरदान दिया था। भक्त उन्हें श्याम बाबा, हारे का सहारा या कलियुग के अवतार के रूप में पुकारते हैं  Wikipedia मुख्य कथा (संक्षेप में) बर्बरीक घटोत्कच के पुत्र और भीम के पौत्र थे। उन्होंने कठोर तपस्या से तीन दिव्य बाण प्राप्त किए, जिनसे वे पूरे महाभारत युद्ध को अकेले समाप्त कर सकते थे। उन्होंने यह प्रतिज्ञा ली कि वे हमेशा कमजोर पक्ष का साथ देंगे। युद्ध शुरू होने से पहले भगवान कृष्ण ने उनकी शक्ति को देखते हुए उनका सिर दान मांगा। बर्बरीक ने प्रसन्नतापूर्वक अपना सिर दान कर दिया। कृष्ण ने उनके सिर को अमर बनाया और वरदान दिया कि कलियुग में वे श्याम के रूप में पूजे जाएंगे।470e0a Wikipedia मंदिर की स्थापना की कथा के अनुसार, 11वीं शताब्दी में राजा रूप सिंह चौहान को सपने में निर्देश मिला, और उन्होंने खाटू में श्याम कुंड के पास सिर की मूर्ति स्थापित की। मंदिर सफेद मकराना संगमरम...

राष्ट्रीय डॉक्टर दिवस, राष्ट्रीय डाक कर्मचारी दिवस और चार्टर्ड अकाउंटेंट दिवस की बहुत-बहुत बधाई।

  आपको और सभी को 01 जुलाई की हार्दिक शुभकामनाएं! 🎉 राष्ट्रीय डॉक्टर दिवस, राष्ट्रीय डाक कर्मचारी दिवस और चार्टर्ड अकाउंटेंट दिवस की बहुत-बहुत बधाई। राष्ट्रीय डॉक्टर दिवस: डॉ. बिधान चंद्र रॉय की जयंती और पुण्यतिथि पर मनाया जाता है। देश के सभी डॉक्टर्स को सलाम, जो दिन-रात लोगों की सेवा में लगे रहते हैं। चार्टर्ड अकाउंटेंट दिवस: ICAI की स्थापना (1 जुलाई 1949) के उपलक्ष्य में, जो देश की आर्थिक व्यवस्था को मजबूत बनाने में अहम भूमिका निभाते हैं। राष्ट्रीय डाक कर्मचारी दिवस: डाक विभाग के कर्मचारियों के योगदान को सम्मानित करने का दिन। ये तीनों पेशे समाज की रीढ़ हैं — स्वास्थ्य, वित्त और संचार। आज इन सभी को याद करने और सम्मानित करने का दिन है। आपका दिन शुभ हो! 🩺📬📊 धन्यवाद! 🙏 राष्ट्रीय डॉक्टर दिवस, राष्ट्रीय डाक कर्मचारी दिवस और चार्टर्ड अकाउंटेंट दिवस की आपको भी बहुत-बहुत बधाई और शुभकामनाएँ। डॉक्टर्स को सलाम, जो दिन-रात लोगों की जान बचाने में लगे रहते हैं। डाक कर्मचारियों को सम्मान, जो हर मौसम में पत्र और पार्सल पहुँचाकर देश को जोड़े रखते हैं। चार्टर्ड अकाउंटेंट्स को बधाई, जो अर्थव्यवस...

*​ठाणे पोलीस आयुक्तालयाची धडक कारवाई* *तब्बल ३९ कोटींचा ६०० किलो अंमली पदार्थांचा साठा जप्त करून केला नष्ट!*

 *​ठाणे पोलीस आयुक्तालयाची धडक कारवाई* *तब्बल ३९ कोटींचा ६०० किलो अंमली पदार्थांचा साठा जप्त करून केला नष्ट!* ​ ठाणे दि.26 जून 2026 :- संपूर्ण देशभरात अमली पदार्थांच्या विळख्यातून तरुण पिढीला वाचवण्यासाठी 'नशामुक्त भारत अभियान' अत्यंत प्रभावीपणे राबवले जात आहे. याच मोहिमेचा एक भाग म्हणून, जागतिक अंमली पदार्थ विरोधी दिनाचे औचित्य साधून ठाणे पोलीस आयुक्तालयाने ड्रग्ज माफियांच्या विरोधात आतापर्यंतची सर्वात मोठी आणि धडक कारवाई केली आहे. ठाणे पोलीस आयुक्तालयाच्या अंतर्गत येणाऱ्या विविध पोलीस ठाण्यांमध्ये वेगवेगळ्या कारवायांमध्ये जप्त करण्यात आलेला तब्बल ३९ कोटी ३ लाख ४८ हजार ४०० रुपये किमतीचा आणि सुमारे ६०० किलो वजनाचा अंमली पदार्थांचा प्रचंड साठा पोलिसांनी कायदेशीर प्रक्रियेचा अवलंब करून पूर्णपणे नष्ट केला आहे. ठाणे शहराचे पोलीस आयुक्त आशुतोष डुंबरे यांच्या थेट आदेशानंतर ही मोठी मोहीम राबवून सर्व अंमली पदार्थ नवी मुंबईतील तळोजा एम.आय.डी.सी. येथील मुंबई वेस्ट मॅनेजमेंट कंपनीत नेऊन शास्त्रोक्त पद्धतीने नष्ट करण्यात आले, ज्यामुळे अमली पदार्थ तस्करांचे धाबे दणाणले आहेत. ​केंद्र सरकारच्...

निर्जला एकादशी 2026 — 25 जून 2026, गुरुवार (ज्येष्ठ मास, शुक्ल पक्ष)। यह दिन भीमसेनी एकादशी या पांडव एकादशी के नाम से भी जाना जाता है। महत्व (Significance) निर्जला एकादशी सबसे कठिन और फलदायी एकादशियों में से एक है। “निर्जला” का अर्थ है बिना जल — इस दिन सूर्योदय से अगले दिन सूर्योदय तक न तो अन्न और न ही जल ग्रहण किया जाता है (केवल आचमन/कुल्ला के लिए थोड़ा जल स्वीकार्य है)।

 निर्जला एकादशी 2026 — 25 जून 2026, गुरुवार (ज्येष्ठ मास, शुक्ल पक्ष)। यह दिन भीमसेनी एकादशी या पांडव एकादशी के नाम से भी जाना जाता है।  महत्व (Significance) निर्जला एकादशी सबसे कठिन और फलदायी एकादशियों में से एक है। “निर्जला” का अर्थ है बिना जल — इस दिन सूर्योदय से अगले दिन सूर्योदय तक न तो अन्न और न ही जल ग्रहण किया जाता है (केवल आचमन/कुल्ला के लिए थोड़ा जल स्वीकार्य है)। मान्यता — इस एक व्रत से पूरे वर्ष की 24 एकादशियों (कुछ मान्यताओं में अधिक) का पुण्य प्राप्त होता है। यह पापों का नाश करता है, मोक्ष प्रदान करता है, स्वास्थ्य, समृद्धि और भगवान विष्णु की कृपा दिलाता है। भीमसेन की कथा के कारण इसे पांडव निर्जला एकादशी भी कहते हैं। तिथि और समय (Timings - सामान्य रूप से IST / दिल्ली-उत्तर भारत के अनुसार) एकादशी तिथि शुरू: 24 जून 2026 शाम ~6:12 बजे एकादशी तिथि समाप्त: 25 जून 2026 शाम ~8:09 बजे व्रत: 25 जून 2026 (गुरुवार) को रखा जाएगा (सूर्योदय के समय तिथि सक्रिय होने के कारण) पारण (व्रत तोड़ने) का समय: 26 जून 2026 सुबह ~5:25 AM से ~8:13 AM तक (स्थानीय पंचांग के अनुसार थोड़ा अंतर ...