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सूचना का अधिकार दिवस (Right to Information Day) अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर 28 सितंबर को मनाया जाता है। यह दिन सूचना तक सार्वभौमिक पहुंच के महत्व को उजागर करता है, जो पारदर्शी शासन, भ्रष्टाचार रोकथाम और लोकतंत्र को मजबूत बनाने में सहायक होता है। 2015 में यूनेस्को ने इसकी घोषणा की थी, और 2019 में संयुक्त राष्ट्र महासभा ने इसे आधिकारिक रूप से मान्यता दी।

 सूचना का अधिकार दिवस 


सूचना का अधिकार दिवस (Right to Information Day) अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर 28 सितंबर को मनाया जाता है।

 यह दिन सूचना तक सार्वभौमिक पहुंच के महत्व को उजागर करता है, जो पारदर्शी शासन, भ्रष्टाचार रोकथाम और लोकतंत्र को मजबूत बनाने में सहायक होता है।

 2015 में यूनेस्को ने इसकी घोषणा की थी, और 2019 में संयुक्त राष्ट्र महासभा ने इसे आधिकारिक रूप से मान्यता दी।

भारत में संदर्भ

भारत में सूचना का अधिकार अधिनियम (RTI Act), 2005 नागरिकों को सरकारी सूचना प्राप्त करने का अधिकार प्रदान करता है। यह अधिनियम 12 अक्टूबर 2005 को लागू हुआ था, लेकिन अंतर्राष्ट्रीय दिवस 28 सितंबर को ही मनाया जाता है। अधिनियम का उद्देश्य सरकार की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता लाना और नागरिकों को सशक्त बनाना है।


आज (29 सितंबर 2025): 28 सितंबर 2025 रविवार होने के कारण, महाराष्ट्र सहित कई राज्यों में यह दिवस सोमवार, 29 सितंबर को मनाया जा रहा है। सरकारी कार्यालयों में विशेष कार्यक्रम, जागरूकता अभियान और RTI से संबंधित कार्यशालाओं का आयोजन किया जा रहा है।

RTI अधिनियम के मुख्य प्रावधान

प्रावधान

विवरण

लागू होने की तिथि

12 अक्टूबर 2005 (पूर्व में Freedom of Information Act, 2002 को प्रतिस्थापित किया)

कवरेज

पूरे भारत के सभी नागरिक (जम्मू-कश्मीर को छोड़कर, लेकिन अब पूर्ण रूप से लागू)

आवेदन प्रक्रिया

लिखित या इलेक्ट्रॉनिक माध्यम से PIO (Public Information Officer) को आवेदन; शुल्क ₹10

समय सीमा

30 दिनों में उत्तर; अपील के लिए 48 घंटे में जीवन/स्वतंत्रता से जुड़ी सूचना

अपवाद

राष्ट्रीय सुरक्षा, गोपनीयता आदि से जुड़ी सूचनाएं अस्वीकार की जा सकती हैं

यदि आप RTI अधिनियम के किसी विशिष्ट पहलू, आवेदन प्रक्रिया या आज के कार्यक्रमों के बारे में अधिक जानना चाहें, तो बताएं!


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        संपादक श्री दयाशंकर गुुुप्ता जी


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